तानाशाही शासन और प्रशासन ने जनता का जीना मुश्किल कर दिया है : हरेलाल महतो
K. Durga Rao
चांडिलः आजसू पार्टी द्वारा राज्यभर में किए जा रहे हल्ला बोल कार्यक्रम के तहत शुक्रवार को चांडिल प्रखंड मुख्यालय में कार्यक्रम आयोजित किया गया। इससे पहले बीते तीन दिन में ईचागढ़, कुकडू तथा नीमडीह प्रखंड मुख्यालय में कार्यक्रम हुआ। चांडिल प्रखंड मुख्यालय में हल्ला बोल कार्यक्रम के बाद आजसू पार्टी की ओर से अंचलाधिकारी को 16 सूत्री मांगों के समर्थन में ज्ञापन सौंपा गया।
हल्ला बोल कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आजसू पार्टी के केंद्रीय महासचिव हरेलाल महतो ने कहा कि राज्य सरकार तानाशाह बनकर जनता को परेशान कर रही है। राज्य सरकार के तानाशाही रवैये की छवि हर प्रखंड एवं अंचल मुख्यालय में देखा जा रहा है। ऊपर से नीचे तक हर विभाग में भ्रष्टाचार चरम सीमा पार कर गई है। पेंशन, छात्रवृत्ति, राशन, प्रमाण पत्र जैसे कामों के लिए लोगों को परेशान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अपना वाजिब अधिकार पाने के लिए भी जनता को रिश्वत देना पड़ रहा है, यह जनता की मजबूरी है क्योंकि शासन प्रशासन तानाशाह बन गई है।
उन्होंने कहा कि हेमंत सरकार के भ्रष्ट और जनविरोधी आचरण को जनता समझ चुकी है। इस आचरण को उखाड़ फेंकना और राज्य में जनहितैषी व्यवस्था स्थापित करना आजसू पार्टी का दायित्व है और पार्टी इस दायित्व का निर्वहन कर रही है। आजसू पार्टी राज्य के जनता के अधिकारों के लिए लगातार आंदोलन कर रही है। आने वाले समय में सकारात्मक परिणाम मिलेगा। हरेलाल महतो ने कहा कि आए दिन हाथियों द्वारा ग्रामीणों को नुकसान पहुंचाया जा रहा है और सरकार के प्रतिनिधि पीड़ितों को तिरपाल और राशन बांट रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनता ने तिरपाल और राशन बांटने के लिए जनप्रतिनिधि चुनाव नहीं किया था। उन्होंने कहा कि हाथी द्वारा जिन लोगों के घर तोड़े गए हैं उन पीड़ित परिवार को तत्काल पक्का मकान मिलना चाहिए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष सचिन महतो ने कहा कि वर्तमान झारखंड सरकार के कार्यकाल में हर सरकारी कार्यालय में टेबल के नीचे से वसूली चल रही हैं। उन्होंने कहा कि जमीन मालिकों को उनके जमीन का विवरण ऑनलाइन चढ़ाने के लिए भी रिश्वत देना पड़ रहा है। यह राज्य के लिए दुर्भाग्य की बात है।
इस मौके पर केंद्रीय सचिव सत्यनारायण महतो, दुर्गा महतो, आरती सिंह, तत्कालीन प्रमुख अमला मुर्मू, भरत महतो, प्रखंड अध्यक्ष दुर्योधन गोप, बासुदेव प्रमाणिक, पुलक सथपति, अजय महतो, बुद्धेश्वर महतो, माधव सिंह मुंडा, रेणुका पुराण आदि मौजूद थे।