जमशेदपुर:
यूनियन की कमेटी मीटिंग में सभी कमेटी मेंबर्स एवं ऑफिस बेयररों ने एकमत होकर यूनियन के शीर्ष नेतृत्व पर भरोसा जताया। बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि आगामी ग्रेड रीविजन को लेकर प्रबंधन से होने वाली वार्ता की जिम्मेदारी यूनियन अध्यक्ष शशि भूषण प्रसाद एवं महामंत्री आर.के. सिंह को सौंपी जाए। इस निर्णय के जरिए यूनियन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि ग्रेड रीविजन जैसे अहम मुद्दे पर संगठन पूरी तरह एकजुट है।
यूनियन के सलाहकार प्रवीण सिंह ने प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि बैठक में मजदूर हितों से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि ग्रेड रीविजन को लेकर मजदूरों से सुझाव लिए जाएंगे, ताकि वार्ता के दौरान कर्मचारियों की अपेक्षाओं और जरूरतों को मजबूती से प्रबंधन के समक्ष रखा जा सके।
प्रवीण सिंह ने जानकारी दी कि कमेटी मेंबर मनोज शर्मा एवं सैयद मनुवर के सेवानिवृत्त होने के बाद यूनियन कार्यकारिणी में दो पद रिक्त हो गए हैं। इन पदों को भरने के लिए उपचुनाव कराने का निर्णय लिया गया है। उपचुनाव की प्रक्रिया पारदर्शी एवं सुचारू रूप से संपन्न कराने के उद्देश्य से पूर्व चुनाव संचालन समिति में शामिल पर्यवेक्षक एवं चार सदस्यीय कमेटी को पुनः जिम्मेदारी सौंपी गई है।
उन्होंने यह भी बताया कि यूनियन जल्द ही जेनरल बॉडी मीटिंग (वार्षिक आमसभा) आयोजित करने पर निर्णय लेगी, जिसमें संगठन की भावी रणनीति, मजदूरों से जुड़े मुद्दों और आगामी कार्यक्रमों पर विस्तृत चर्चा की जाएगी।
सोमवार को सुबह 10 बजे से आयोजित कमेटी मीटिंग में यूनियन अध्यक्ष शशि भूषण प्रसाद, महामंत्री आर.के. सिंह, सलाहकार प्रवीण सिंह सहित सभी यूनियन पदाधिकारी एवं कमेटी मेंबर्स उपस्थित थे। बैठक की अध्यक्षता अध्यक्ष शशि भूषण प्रसाद ने की। बैठक का संचालन अशोक उपाध्याय ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन एस.एन. सिंह द्वारा दिया गया। अध्यक्ष की अनुमति के पश्चात बैठक की कार्यवाही प्रारंभ हुई, जिसमें महामंत्री आर.के. सिंह ने विषय प्रवेश कराया।
बैठक के दौरान आगामी 3 मार्च को प्रस्तावित वृहद रक्तदान शिविर एवं टाटा साहब की मूर्ति के अनावरण को लेकर भी चर्चा की गई। यूनियन ने निर्णय लिया कि टाटा साहब की मूर्ति निर्माण में प्रत्येक मजदूर की सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी, ताकि यह कार्यक्रम सामूहिक भागीदारी और एकता का प्रतीक बन सके।
बैठक के अंत में राष्ट्रगान के साथ कार्यवाही का समापन किया गया। यूनियन नेताओं ने विश्वास जताया कि संगठन की एकजुटता के बल पर मजदूरों के हितों की रक्षा और अधिकारों की लड़ाई को और मजबूती मिलेगी।





